मैच भले ही टीम इंडिया हार गई, लेकिन जडेजा ने जीता दिल, पत्नी रिवाबा की चाहत रह गई अधूरी

भले ही सेमीफाइनल में टीम इंडिया को हार का मुंह देखना पड़ा हो, लेकिन रवींद्र जडेजा ने दिल जीत लिया। टीम इंडिया के इस स्टार ऑलराउंडर ने दिखा दिया कि मौके पर कैसे चौका जड़ा जाता है। जडेजा ने वहां से टीम इंडिया की मैच में वापसी करवाई, जहां से उसकी उम्मीदें लगभग खत्म थी।


भले ही जडेजा टीम को फाइनल में नहीं पहुंचा पाए, लेकिन उन्होंने पूरे देश की उम्मीदों को आखिरी दम तक जिंदा रखा। नंबर आठ पर आ, जडेजा ने सात नंबरी धोनी के साथ मिलकर 116 रन की शानदार साझेदारी की। इस दौरान जडेजा ने अपने विश्व कप इतिहास का पहला अर्धशतक जमाया।विपरित हालातों में 59 गेंदों की 77 रन की धुआंधार पारी में जड्डू के बल्ले से तीन चौके और इतने ही छक्के भी निकलेए लेकिन 48वें ओवर में बड़ा शॉट लगाने की फिराक में विकेट गंवाने वाले जडेजा ने अपनी पत्नी की एक बड़ी इच्छा को भी तोड़ दिया।


दरअसल, सेमीफाइनल से ठीक पहले जडेजा की पत्नी रिवाबा ने अपनी एक ख्वाहिश जाहिर की थी। रिवाबा ने वर्ल्ड कप जीतने के बाद रवींद्र जडेजा को ट्रॉफी के साथ जामनगर आने को लेकर भी उम्मीद जताई थी।रिवाबा ने कहा था कि,'मेरी इच्छा है कि टीम इंडिया विश्व कप जीत जाएं और जडेजा वर्ल्ड कप ट्रॉफी लेकर जामनगर आएं।


महान भारतीय क्रिकेटर रंजीत सिंह जी और दिलीप सिंहजी भी जामनगर के ही थे इसलिए मुझे पूरा भरोसा है कि रवींद्र जडेजा भी वर्ल्ड कप जीतने के बाद ट्रॉफी के साथ जामनगर आएंगे। 'मालूम हो कि जडेजा को श्रीलंका के खिलाफ आखिरी लीग मुकाबले में अंतिम 11 में जगह मिली थी। उसके बाद उन्होंने न्यूजीलैंड के खिलाफ सेमीफाइनल में न सिर्फ अर्धशतक जमाया बल्कि शानदार गेंदबाजी करते हुए 10 ओवर में 34 रन देते हुए एक विकेट भी झटकाए इसके अलावा फिल्डिंग में भी झंडे गाड़े।